देवप्रयाग। बस अड्डे के समीप हो रहे भू-धसाव को रोकने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) विभाग इस सप्ताह से ट्रीटमेंट कार्य शुरू करने जा रहा है। जिलाधिकारी टिहरी द्वारा भू-धसाव रोकथाम हेतु लगभग 3 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है।
गौरतलब है कि बीती 16 सितम्बर को भारी बारिश के बाद बस अड्डे के निकट अचानक भू-धसाव होने से आसपास के लगभग दस मकानों पर खतरा मंडराने लगा था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रभावित दस घरों को खाली करवा कर सभी परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया।
इस दौरान सांसद अनिल बलूनी स्वयं मौके पर पहुंचे और केंद्र सरकार की ओर से त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिलाया। इसके उपरांत एनएच ने टीएचडीसी की तकनीकी टीम से भू-धसाव क्षेत्र का सर्वे करवाया। टीएचडीसी इंजीनियरों ने विशेष डिजाइन की गई एंकरिंग तकनीक का उपयोग करने की अनुशंसा की, जो मिट्टी की पकड़ को मजबूत कर भू-धसाव की प्रक्रिया को रोकती है।
एनएच एई ललित मोहन बेंजवाल ने बताया कि सुरक्षा दीवारों का निर्माण शीघ्र शुरू किया जा रहा है। जिलाधिकारी के निर्देश पर लगभग 3 करोड़ की लागत से ट्रीटमेंट कार्य कराया जाएगा। सबसे पहले लगातार खिसक रही ढीली मिट्टी को रोकने पर कार्य केंद्रित किया जा रहा है।
तहसीलदार डॉ. प्रदीप कंडारी ने जानकारी दी कि प्रभावित दस परिवारों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर दिया गया है तथा उनसे एनओसी भी ले ली गई है। वहीं, पुलिस और राजस्व विभाग की टीमें कार्य में किसी भी प्रकार की बाधा न आए, इसके लिए मौके पर तैनात की गई हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खतरे की जद में आए घरों को सुरक्षित करना उसकी पहली प्राथमिकता है। पिछले दस दिनों से मौसम सामान्य रहने और भू-धसाव रोकथाम की कार्रवाई शुरू होने से प्रभावित परिवारों ने राहत की सांस ली है।
